1. डेटम रेल का चुनाव :-
अनुदैर्ध्य प्रोफाइल एवं सीधाई सही करने के लिए डेटम रेल का चुनाव करते समय निम्न बातों का ध्यान रखना चाहिए -
(क) अनुदैर्ध्य सेक्शन के लिए :- सीधी लाइन हेतु नान सेस रेल एवं गोलाई में बाहरी रेल को डैटम लिया जाता है
(ग) सिंगल लाइन और मल्टीपल लाइन सेक्शन में बीच की लाइन में दोनों रेलों में से कोई जो कम अव्यवस्थित हो उसे सीधाई और L सेक्शन हेतु डेटम रेल के तौर पर चुना जा सकता है
2. उन्ध्वाधर प्रोफाइल सही करने हेतु सर्वे :- सरफेसिंग हेतु चिन्हित सेक्शन को 10 मी. के अन्तराल के स्टेशनो में बांटा जाना चाहिये, पहला बिंदु किमी. पोस्ट के सामने होना चाहिये और प्रथम स्टेशन को शून्य (0) मार्क किया जाना चाहिये स्टेशन लोकेशन और नंबर डेटम रेल के वेब पर पीले पेंट से लिखे होने चाहिये
बेंच मार्क :- बेंच मार्क 200 से 1000 मी. के अन्तराल पर स्थापित किये जाने चाहिये उन्हें जीटीएस बेंच मार्क लेवल से संबंधित रखना चाहिये ताकि प्लाट किये हुए ड्राइंग वर्तमान के इंडेक्स सेक्शन से उचित प्रकार से मेल खा सके, मनचाहे लेवल से बेंच मार्क का फिक्स किये जाने से बचा जाना चाहिये ये बेंच मार्क विद्युतीय सेक्शनो में ओएचई मास्ट के क्रंकीट फाउनडेशन के उपरी सतह पर स्थापित किये जा सकते है

